
बुधवार की शुरुआत में ट्रेडिंग का रुख सतर्क है, क्योंकि ट्रेडर्स अमेरिका के अक्टूबर के कंज़्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI) के आंकड़ों का इंतज़ार कर रहे हैं। एशिया-प्रशांत क्षेत्र से मिले-जुले आर्थिक आंकड़े भी अनिश्चितता बढ़ा रहे हैं।
हालांकि, मंगलवार को प्रमुख अमेरिकी महंगाई के आंकड़ों से पहले बाजार में गति नहीं थी। भू-राजनीतिक खबरों के मिले-जुले रुख और Fed की सख्त टिप्पणियों ने अनिश्चितता बढ़ाई। अमेरिकी और कनाडाई ट्रेडर्स की वापसी भी बाजार में खास उतार-चढ़ाव नहीं ला सकी।
US Dollar Index (DXY) छह महीने के उच्च स्तर पर बना रहा, जिससे प्रमुख करेंसी और कमोडिटी पर दबाव बना रहा। नौ महीने पुरानी ट्रेंडलाइन से सहारा मिलने के बावजूद Gold की कीमतों में तेज़ी नहीं आ पा रही है, क्योंकि खरीदारों का उत्साह कमज़ोर बना हुआ है।
अमेरिकी डॉलर की मजबूती, यूरोज़ोन और जर्मनी के कमजोर ZEW आंकड़ों और ECB की डविश टिप्पणियों के साथ मिलकर EURUSD पर दबाव डाल रही है। इस बीच, BOE के अर्थशास्त्री Huw Pill की डविश टिप्पणियों और UK में बेरोज़गारी बढ़ने से GBPUSD दबाव में है। मजबूत US यील्ड, BoJ के मिले-जुले नज़रिए और जापान में राजनीतिक अनिश्चितता के दम पर USDJPY की तीन दिनों से जारी तेजी आगे बढ़ रही है, जबकि स्थानीय आंकड़े निराशाजनक रहे।
प्रमुख मुद्राओं की तरह, ऑस्ट्रेलियाई, न्यूज़ीलैंड और कनाडाई डॉलर भी मजबूत अमेरिकी डॉलर के दबाव में हैं। कमजोर घरेलू आंकड़ों, कमोडिटी की गिरती कीमतों—खासकर क्रूड ऑयल—और चीन के आर्थिक परिदृश्य को लेकर बनी चिंताओं से भी इन मुद्राओं पर दबाव है। दिन की शुरुआत में, तीसरी तिमाही 2024 का ऑस्ट्रेलियाई वेतन मूल्य सूचकांक अपरिवर्तित रहा।
OPEC के 2024 और 2025 के लिए तेल मांग के अनुमान घटाने और अमेरिकी डॉलर के मज़बूत होने से WTI क्रूड की कीमतों पर गिरावट का दबाव और बढ़ा। इस बीच, बाज़ार की सतर्कता बढ़ने और अमेरिकी ट्रेज़री यील्ड में तेज़ी थमने के साथ, सोने को नौ महीने की ट्रेंडलाइन पर सहारा मिला और इसकी लगातार तीन दिनों की गिरावट रुक गई।
तेज़ बढ़त वाले एक मज़बूत सप्ताह के बाद क्रिप्टोकरेंसी खरीदार कुछ विराम ले रहे हैं और बाज़ार का रुख ठंडा पड़ रहा है। Bitcoin (BTC/USD) अपने अब तक के उच्चतम स्तर से नीचे आया, जबकि Ethereum (ETH/USD) जुलाई के आखिर के बाद के अपने उच्चतम स्तर से लगातार दो दिन फिसला। इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने एलन मस्क और विवेक रामास्वामी को नए सरकारी दक्षता विभाग (DOGE) का नेतृत्व करने के लिए नियुक्त किया, जिसके बाद Dogecoin में तेज़ी आई।



अक्टूबर का अमेरिकी कंज़्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI) अहम रहेगा। इसके मासिक आधार पर 0.2% बढ़ने और सालाना महँगाई दर में मामूली बढ़ोतरी के साथ 2.6% होने की उम्मीद है। खाद्य और ऊर्जा को छोड़कर कोर CPI के भी महीने-दर-महीने 0.2% और साल-दर-साल 2.4% पर बने रहने का अनुमान है। महँगाई के सकारात्मक आँकड़े अमेरिकी डॉलर को मज़बूत कर सकते हैं, खासकर अगर वे Fed की ओर से ब्याज दरों में धीमी कटौती की उम्मीद बढ़ाएँ। इससे सोने जैसी कमोडिटी पर दबाव पड़ सकता है और इसकी कीमत $2,590 के अहम सपोर्ट से नीचे जा सकती है।
इसके अलावा, बैंक ऑफ़ इंग्लैंड की मौद्रिक नीति रिपोर्ट और अमेरिकी फेडरल रिज़र्व अधिकारियों की टिप्पणियां बाज़ार के रुख के लिए अहम होंगी। ब्रिटेन के मज़बूत रोज़गार आंकड़ों के बावजूद GBPUSD पर नीचे की ओर दबाव पड़ सकता है, जबकि कमज़ोर आंकड़ों और ECB के नरम संकेतों के कारण EURUSD कमजोर बना हुआ है। बैंक ऑफ़ जापान के मिले-जुले संकेतों और जापान में राजनीतिक अनिश्चितता के बीच USDJPY की तेजी जारी रह सकती है।
क्रूड ऑयल बाज़ार में अमेरिकी डॉलर की बढ़ती मज़बूती और मध्य पूर्व में भू-राजनीतिक तनाव कम होने से कीमतों पर दबाव पड़ सकता है। इसकी वजह बढ़ती सप्लाई चिंताएं और कमज़ोर मांग की आशंकाएं हैं।
आपकी ट्रेडिंग किस्मत आपका साथ दे!