
चीन की ब्याज दरों में और कटौती करने तथा संकटग्रस्त हाउसिंग मार्केट को बढ़ावा देने की योजनाओं से सोमवार की शुरुआत में एशियाई खरीदारों का उत्साह नहीं बढ़ा। इसकी वजह मध्य पूर्व में बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव हो सकता है, खासकर ईरान और उससे जुड़े सैन्य समूहों पर इज़राइल के हमले। इसके अलावा, आज Fed चेयर जेरोम पॉवेल के भाषण और शुक्रवार को आने वाली अमेरिकी रोज़गार रिपोर्ट से पहले बाज़ार में सतर्कता है। मंगलवार से चीन में शुरू होने वाली एक सप्ताह की छुट्टी के साथ-साथ यूरोज़ोन और जापान के अहम डेटा व घटनाएं भी बाज़ार के आशावाद को कम कर रही हैं।
हालाँकि, अमेरिकी केंद्रीय बैंक की ओर से ब्याज दरों में और कटौती की बढ़ती उम्मीद—ख़ासकर शुक्रवार के निराशाजनक महँगाई आँकड़ों के बाद—ट्रेडिंग का रुख़ सकारात्मक बनाए हुए है और अमेरिकी डॉलर पर दबाव डाल रही है। नतीजतन, कमोडिटी की चाल मिली-जुली रहने के बावजूद प्रमुख मुद्राएँ और ऑस्ट्रेलियाई तथा न्यूज़ीलैंड डॉलर मज़बूत बने हुए हैं।
अमेरिका में महंगाई की रफ्तार धीमी होने और फेडरल रिज़र्व के नरम रुख के संकेतों के साथ-साथ बाजार में सतर्क आशावाद के चलते, अमेरिकी डॉलर इंडेक्स (DXY) लगातार तीसरी मासिक गिरावट की ओर है। इससे पिछली दो तिमाहियों से जारी तेजी का रुझान टूट जाएगा। हालांकि, चीन से मिली-जुली खबरें और मध्य पूर्व की भू-राजनीतिक चिंताएँ DXY में गिरावट के दांव लगाने वालों के लिए चुनौतियाँ पैदा कर रही हैं। इंडेक्स जुलाई 2023 के बाद के सबसे निचले स्तर के आसपास उतार-चढ़ाव कर रहा है।
अमेरिकी डॉलर की कमजोरी से EURUSD के बुल्स को मासिक और तिमाही बढ़त हासिल करने का मौका मिल रहा है। लेकिन पिछले हफ्ते EU के मिले-जुले आंकड़ों और यूरोपीय सेंट्रल बैंक (ECB) के ब्याज दरों में और आक्रामक कटौती करने की आशंका के चलते इस पेयर को रफ्तार पकड़ने में मुश्किल हुई। इसके अलावा, अहम महंगाई और अमेरिकी रोज़गार रिपोर्टों के साथ-साथ फेड चेयर पॉवेल के आगामी भाषण से पहले EURUSD एक सीमित दायरे में कारोबार कर रहा है, जिससे बुल्स के लिए स्थिति मुश्किल हो रही है।
दूसरी ओर, GBPUSD अमेरिकी डॉलर की कमज़ोरी पर EURUSD से बेहतर प्रतिक्रिया दे रहा है। ब्रिटेन की अर्थव्यवस्था के लिए अहम यूके रिटेल सेल्स के शुरुआती संकेत मज़बूती दिखाते हैं। इससे केबल पेयर लगातार चौथे हफ़्ते मज़बूत बना हुआ है और पिछले हफ़्ते यह 2022 की शुरुआत के बाद के अपने उच्चतम स्तर के आसपास कारोबार कर रहा था।
इस बीच, USDJPY में 2008 के अंत के बाद की सबसे बड़ी तिमाही गिरावट आने की संभावना है, क्योंकि बैंक ऑफ़ जापान (BoJ) के सख़्त रुख़ की ओर बढ़ने की उम्मीदें बढ़ रही हैं। इसमें यह खबर भी शामिल है कि नए प्रधानमंत्री BoJ की नीति को सामान्य करने का समर्थन करते हैं। मिले-जुले डेटा के बावजूद, फ़ेड का नरम रुख़ और येन की पारंपरिक सुरक्षित निवेश की अपील USDJPY में गिरावट की उम्मीद करने वाले ट्रेडर्स के पक्ष में है।
चीन के प्रोत्साहन उपायों और ऑस्ट्रेलिया तथा न्यूज़ीलैंड से आई सकारात्मक खबरों से AUDUSD और NZDUSD की कीमतें बढ़ रही हैं, भले ही अमेरिकी डॉलर में गिरावट की चाल थम गई हो। ऑस्ट्रेलिया का बजट सरप्लस और न्यूज़ीलैंड का बिज़नेस कॉन्फिडेंस इस तेज़ी को और समर्थन दे रहे हैं। इससे ऑस्ट्रेलियाई और न्यूज़ीलैंड डॉलर मासिक और तिमाही बढ़त के लिए तैयार हो रहे हैं। यह ऐसे समय में हो रहा है जब रिज़र्व बैंक ऑफ़ ऑस्ट्रेलिया (RBA) और रिज़र्व बैंक ऑफ़ न्यूज़ीलैंड (RBNZ) को आक्रामक रुख बनाए रखने में चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।



प्रमुख केंद्रीय बैंकों की ब्याज दरों में कटौती को लेकर बाज़ार की अनिश्चितता, अमेरिकी डॉलर की कमजोरी और चीन के प्रोत्साहन प्रयासों के चलते सोना 2016 की शुरुआत के बाद सबसे बड़ी तिमाही बढ़त दर्ज करने की राह पर है। हालांकि, 2023 के अंत से बनी रेज़िस्टेंस लाइन, जो फिलहाल $2,695 के करीब है, XAUUSD में तेज़ी की उम्मीद रखने वाले ट्रेडर्स के लिए चुनौती बन सकती है। इस हफ़्ते अहम आंकड़े और घटनाएं आने वाली हैं और चीन में छुट्टियां चल रही हैं, जिससे यह चुनौती और बढ़ सकती है।
भविष्य में ब्लैक गोल्ड की आपूर्ति और ऊर्जा की माँग को लेकर मिले-जुले रुख के बीच, कच्चा तेल US Dollar और मध्य पूर्व में भू-राजनीतिक तनाव से भी बढ़त हासिल नहीं कर पाया। इस हफ़्ते की OPEC+ JMMC बैठक से पहले सतर्क माहौल भी ब्लैक गोल्ड के खरीदारों की परीक्षा ले रहा है।
अन्य प्रमुख मुद्राओं और ऑस्ट्रेलियाई व न्यूज़ीलैंड डॉलर की तरह, क्रिप्टोकरेंसी को भी अमेरिकी डॉलर की कमज़ोरी से फ़ायदा मिल रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति चुनावों के बाद क्रिप्टो इंडस्ट्री को लेकर आशावाद और ETF में भारी निवेश से इसे खास समर्थन मिला है। इसके बावजूद, महीने के अंत में बाज़ार का स्थिर होना बिटकॉइन (BTCUSD) और इथेरियम (ETHUSD) के खरीदारों की परीक्षा ले रहा है, क्योंकि NFP सप्ताह शुरू हो रहा है।
चीन के हेडलाइन PMI के साथ महत्वपूर्ण आंकड़ों और घटनाओं से भरे सप्ताह की शुरुआत हुई। ट्रेडर्स सोमवार और बुधवार को फेड चेयरमैन जेरोम पॉवेल के भाषण और अमेरिकी PMI पर ध्यान देंगे। इसके बाद अहम अमेरिकी नॉनफार्म पेरोल (NFP) रिपोर्ट जारी होगी। मंगलवार को यूरोज़ोन महंगाई के शुरुआती आंकड़े और जापान की गतिविधियों से जुड़े आंकड़े भी जारी होंगे, जिससे बाजार में उतार-चढ़ाव बढ़ सकता है। हालांकि, मंगलवार से शुरू होने वाली चीन की एक सप्ताह की छुट्टी, महीने के अंत में बाजार के स्थिर होने के बीच ऑस्ट्रेलिया और न्यूज़ीलैंड के खरीदारों के लिए चुनौतियां पैदा कर सकती है।
नवंबर और दिसंबर में Fed की ओर से संभावित 0.50% rate cuts को लेकर चिंताएँ बढ़ रही हैं। ऐसे में आने वाले डेटा और Powell का भाषण US Dollar के खरीदारों को आकर्षित नहीं कर सकते, जब तक कि पिछले अपडेट्स से कोई बड़ा बदलाव न हो। महीने के अंत में होने वाले उतार-चढ़ाव और चीन की गैरमौजूदगी भी dovish ECB रुख के बीच EURUSD के खरीदारों के लिए चुनौती बन सकती है।
दूसरी ओर, GBPUSD अपनी हालिया बढ़त बनाए रख सकता है, जब तक कि UK GDP और Bank of England के अधिकारियों की टिप्पणियां निराश न करें। इस बीच, BoJ और Fed के बीच नीतिगत अंतर के चलते USDJPY में गिरावट का दबाव बना रह सकता है। अन्य करेंसी पेयर्स में, चीनी छुट्टियों और मिले-जुले सेंटीमेंट के साथ-साथ OPEC+ की खबरों से क्रूड ऑयल की कीमतों में संभावित कमजोरी के कारण AUDUSD, NZDUSD और USDCAD अपनी हालिया बढ़त गंवा सकते हैं।
सोना तेजी के पक्षधर ट्रेडर्स के लिए आकर्षक बना रहने की संभावना है, हालांकि हो सकता है कि यह पिछले हफ्ते का सर्वकालिक उच्च स्तर फिर न छुए। वहीं, पॉवेल की सख्त रुख वाली टिप्पणियां और अमेरिका के मजबूत रोजगार आंकड़े सोने की कीमतों में लंबे समय से अपेक्षित गिरावट ला सकते हैं।
आपकी ट्रेडिंग किस्मत आपका साथ दे!